नर्मदा जयंती की हार्दिक शुभकामनाएं
ज्ञान पुंज साइंस अकादमी
शनिचरा मौहलला कोरीघाट होशंगाबाद
है मात नर्मदा
मात नर्मदा हम तेरे उपकारी मां
तेरी गोद मे बिताए उमरिया सारी मां
देते रहना मा सहारा सदा हमे तुम
भूल करना सदा माफ तुम हमारी मां
तेरी गोद मे खेल कर ही बडे़ हुए मां
साकार स्वप्न सारे ही तुमसे पूर्ण हुए मां
तुमनै ही सब देकर हमे निहाल किया
हम जो चरणो की धूल से चंदन हुए मां
कंकर सै शंकर बन न पाया तेरा मां
न धोया पाप धाप न तन मैने मेरा मां
करता रहा प्रणाम बस मन से यदा कदा
अर्जी मेरी अब तुम तो सुन लो मां
न मागू धन दोलत सुख ऐश्वर्य मेरे लिए मां
न धूप छाव दुख सुख का ऐहसास मेरे लिए मां
करना है तो बस उपकार इतना कर देना
बरसा देना अपना सनैह सदा मेरे लिए मां
जन्म जनमांतर से तेरे तट पर बैठा मां
भव से पार लगाने की एक लिए आश मां
निर्मल निश्चल नीर सा मन मेरा पढ लेना
अबकी पार मुझे इस भव से कर देना मां
मनोज दुबे श्रीकांत
ज्ञान पुंज साइंस अकादमी
शनिचरा मौहलला कोरीघाट होशंगाबाद
है मात नर्मदा
मात नर्मदा हम तेरे उपकारी मां
तेरी गोद मे बिताए उमरिया सारी मां
देते रहना मा सहारा सदा हमे तुम
भूल करना सदा माफ तुम हमारी मां
तेरी गोद मे खेल कर ही बडे़ हुए मां
साकार स्वप्न सारे ही तुमसे पूर्ण हुए मां
तुमनै ही सब देकर हमे निहाल किया
हम जो चरणो की धूल से चंदन हुए मां
कंकर सै शंकर बन न पाया तेरा मां
न धोया पाप धाप न तन मैने मेरा मां
करता रहा प्रणाम बस मन से यदा कदा
अर्जी मेरी अब तुम तो सुन लो मां
न मागू धन दोलत सुख ऐश्वर्य मेरे लिए मां
न धूप छाव दुख सुख का ऐहसास मेरे लिए मां
करना है तो बस उपकार इतना कर देना
बरसा देना अपना सनैह सदा मेरे लिए मां
जन्म जनमांतर से तेरे तट पर बैठा मां
भव से पार लगाने की एक लिए आश मां
निर्मल निश्चल नीर सा मन मेरा पढ लेना
अबकी पार मुझे इस भव से कर देना मां
मनोज दुबे श्रीकांत

No comments:
Post a Comment